Friday, 7 February 2014

Valentine special.....आँखों से दिल में उतरना सीख लिया है...

किताबे पढ़ते- पढ़ते न जाने कब 
आँखों को पढ़ना सीख 
 लिया है ...!

किसी ने लबो से कुछ न कह कर 
आँखों से सब कुछ कहना सीख लिया है ..!                
हमने भी किसी कि आँखों से 
दिल में उतरना  सीख लिया है....! 

अब इजहार सारे आँखों के 
इशारो से होने लगे है... 
दूर थे अभी तक जो हमसे.. 
करीब दिल के आने लगे है.....!

किसी कि अनकही बातो को 
लफ्ज़ दे रहे है हम .......!
किसी कि ख़ामोशी भी हम 
समझने  लगे है..... 
फिर धड़कने हों गयी है तेज 
दिन प्यार के चलने लगे है ...!

Thursday, 6 February 2014

Valentine special... हर आहट मेरे दिल को धड़का जाती है ....!

अब ना जाने क्यों ...!
हर आहट मेरे दिल को
धड़का जाती है ...
हर आहट किसी के 
मेरे पास होने का 
अहसास दिल जाती है ...!

हर पल मेरे पास है कोई 
ये अहसास होने लगा है ..!  
अन्जाना हो कर भी कोई 
खास होने लगा है.....! 

चाहते कुछ यू  बढ़ रही है... 
किसी अजनबी पर खुद से भी  
ज्यादा विश्वास होने लगा है ......!

आज कल छुप कर किसी से
तन्हाई में मिलने लगे है ...!
फिर धड़कने हों गयी है तेज 
दिन प्यार के चलने लगे है ...!

Wednesday, 5 February 2014

Valentine special...प्यार के रंग घुलने लगे है

अब रंगो में प्यार के रंग मिलने लगे है 
किसी के आने से मेरी भी जिंदगी में.. 
इंद्रधनुष रंग भरने लगे है....!

प्यार का रंग कुछ एस तरह चढ़ रहा है 

कि चेहरे कि रंगत बदलने लगी है ...!                

किसी के दिए रंगो से
मेरे दिल ने प्यार कि 
रंगोली ऐसी सजायी है....! 
किसी कि डोली आयी है 
तो कही बजी शहनाई है ....!

रंगो में प्यार के रंग घुलने लगे है 

धड़कने तेज होने लगी है ..
दिन प्यार के चलने लगे है ....!

Tuesday, 4 February 2014

Valentine special...कहानिया प्यार कि बुनने लगा

अल्हड़ बचपन अब 
कहानिया प्यार कि बुनने लगा.... !

रात भर जगती आँखों में 
सपने सजने लगे है..    
अब तन्हा किसी के 
ख्यालो में रोने और हसने लगे है...!                              
जीते तो हम पहले भी थे...
किसी  से मिलने के बाद 
कुछ और जीने लगे है....!

फिर धड़कने हो गयी है तेज... 
दिन प्यार के चलने लगे है.....! 

Monday, 3 February 2014

Valentine special...मौसम का रुख फिर बदलने लगा हैं

मौसम का रुख फिर बदलने लगा हैं..
तुम्हारी याद में दिन
गुजरते -गुजरते ...        
शामे  कुछ देर  से ढलने लगी हैं ...!

किसी कि याद में राते गुजरने लगी हैं.. 
हवाओ में फिर हीर राँझा के किस्से.. 
सोनी महवाल कि बाते होने लगी है ...!

धड़कने तेज हो गयी  है ..
दिन प्यार के चलने लगे हैं..!

Sunday, 2 February 2014

Valentine special..असर गुलाबो का होने लगा है ....


मेरी  नज़रे पहले भी खिचती थी                                            

गुलाबो कि रंगत......!


 पर ये गुलाब

 सिर्फ गुलाब 

लगते थे... 

अब ये गुलाब एक खामोश कहानी लगने लगे है....! 

जब देखती हूँ इन्हे.. 

ये तुम्हारे प्यार कि निशानी 

लगने लगे हैं ...!


तुम्हारे दिए गुलाबो कि पंखुड़िया 

आज फिर मेरे ख्यालो को महकाने लगी हैं ....!


कि हम पर असर गुलाबो का होने लगा है 

धड़कने तेज होने लगी हैं.. 

दिन प्यार के चलने लगे है … ..!

Saturday, 1 February 2014

Valentine special..दिन प्यार के चलने लगे है...!

धड़कने हो गयी है तेज,                      
दिन प्यार के चलने लगे है... 
फिर से बरसो पुराने ख़त, 
सूखे गुलाब....
डायरी में कही मिलने लगे है...! 
हवाओ का रुख भी,
बदलने लगा है.... 
जब से मुहब्बतो के,
पत्ते उड़ने लगे है....
खूबसूरत ख्यालो से,
साँसे महकने लगी है.....
हर आहट पर..
दिल धड़कने लगे  है.... 
धड़कने हो गयी है तेज 
दिन प्यार के चलने लगे है.......!!!